वेस्ट एशिया में बड़ा सैन्य एक्शन: Islamic Revolutionary Guard Corps ठिकाना ध्वस्त, United States Central Command का दावा—निर्णायक प्रहार

इंटरनेशनल न्यूज़। अमेरिका और इज़राइल द्वारा ईरान पर किए गए हमलों के बाद पश्चिम एशिया में तनाव और गहरा गया है। अमेरिकी सेना ने दावा किया है कि उसने ईरान की सबसे प्रभावशाली सैन्य इकाई इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (आईआरजीसी) के मुख्यालय को पूरी तरह नष्ट कर दिया है।

अमेरिकी United States Central Command (सेंट्रल कमांड) ने इस बड़े ऑपरेशन की पुष्टि करते हुए इसे “सांप का सिर काटने” जैसी निर्णायक कार्रवाई बताया है।

47 वर्षों का हिसाब: अमेरिका का आरोप

अमेरिका का कहना है कि आईआरजीसी पिछले 47 वर्षों में 1,000 से अधिक अमेरिकी नागरिकों और सैनिकों की मौत के लिए जिम्मेदार रहा है। हालिया सैन्य कार्रवाई को उसी के खिलाफ जवाबी कदम बताया गया है।

अमेरिकी सेना ने यह भी दावा किया कि इस हमले के बाद ईरान में आईआरजीसी का कोई भी प्रमुख मुख्यालय सुरक्षित नहीं बचा है।

सख्त चेतावनी

अमेरिकी अधिकारियों ने बयान जारी कर कहा कि उनकी सेना दुनिया की सबसे शक्तिशाली सैन्य ताकत है और अमेरिकी हितों को नुकसान पहुंचाने वालों को कड़ा परिणाम भुगतना होगा।

इस हमले के बाद क्षेत्रीय हालात और अधिक संवेदनशील हो गए हैं तथा पश्चिम एशिया में व्यापक संघर्ष की आशंका बढ़ गई है।