पिस्ता में प्रोटीन, हेल्दी फैट, फाइबर और एंटीऑक्सीडेंट्स की अच्छी मात्रा पाई जाती है। यह दिल की सेहत को बेहतर बनाने, वजन नियंत्रित रखने और स्किन को ग्लोइंग बनाए रखने में मदद करता है।
हालांकि, अगर इसे ज्यादा मात्रा में खाया जाए, तो यह कई तरह कि स्वास्थ्य समस्याएं भी पैदा कर सकता है। इसलिए पिस्ता का सेवन सीमित मात्रा में करना ही ज्यादा फायदेमंद होगा। आइए जानते हैं कि ज्यादा पिस्ता खाने से क्या-क्या साइड इफेक्ट्स हो सकते हैं।
बढ़ सकता है वजन
पिस्ता कैलोरी और फैट से भरपूर होता है, ऐसे में अगर इसे ज्यादा मात्रा में खाया जाए, तो यह वजन बढ़ाने का कारण बन सकता है। खासकर उन लोगों के लिए, जो पहले से ही वजन कम करने की कोशिश कर रहे हैं, पिस्ता का अधिक सेवन नुकसानदायक हो सकता है।
पेट से जुड़ी समस्याएं
पिस्ता में फाइबर अधिक मात्रा में होता है, जो डाइजेशन को दुरुस्त रखने में मदद करता है। लेकिन अगर इसे जरूरत से ज्यादा खाया जाए, तो गैस, ब्लोटिंग (पेट फूलना), कब्ज या डायरिया जैसी समस्याएं हो सकती हैं।
हाई ब्लड प्रेशर का खतरा
अगर आप खाने में सॉल्टेड पिस्ता का अधिक सेवन करते हैं, तो शरीर में सोडियम की मात्रा बढ़ सकती है, जिससे हाई ब्लड प्रेशर, हार्ट डिजीज और किडनी की समस्याओं का खतरा बढ़ जाता है।
नट एलर्जी की समस्या
कुछ लोगों को नट्स से एलर्जी होती है। ज्यादा पिस्ता खाने से एलर्जी के लक्षण, जैसे खुजली, स्किन रैश, गले में सूजन, सांस लेने में दिक्कत या उल्टी जैसी समस्याएं हो सकती हैं। ऐसे में एलर्जी से ग्रसित लोगों को पिस्ता खाने से बचना चाहिए।
किडनी स्टोन का खतरा
पिस्ता में ऑक्सलेट की मात्रा अधिक होती है, जो शरीर में कैल्शियम के साथ मिलकर स्टोन बना सकता है। किडनी स्टोन के मरीजों को तो पिस्ता का सेवन सीमित मात्रा में ही करना चाहिए।
ब्लड शुगर लेवल पर असर
पिस्ता लो ग्लाइसेमिक इंडेक्स वाला होता है, लेकिन अगर ज्यादा खाया जाए, तो यह शुगर लेवल को प्रभावित कर सकता है। खासतौर पर डायबिटीज के मरीजों को इसका संतुलित मात्रा में सेवन करना चाहिए।
वैसे तो पिस्ता पोषण से भरपूर होता है, लेकिन इसे सीमित मात्रा में ही खाना चाहिए। डेली 15-20 ग्राम पिस्ते का सेवन सुरक्षित माना जाता है।अधिक सेवन से वजन बढ़ना, पाचन समस्याएं, हाई बीपी और एलर्जी जैसी प्रॉब्लम हो सकती हैं। इसलिए बैलेंस में सेवन करें और इसके अमेजिंग फायदों का बस लाभ उठाएं।